-लाइन लॉस, राजस्व वसूली और बिजली चोरी पर सख्ती, कुमाऊं दौरे में एमडी ने अधिकारियों को दिए समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश
– स्मार्ट मीटर की भ्रांतियों पर यूपीसीएल एमडी ने किया स्थिति स्पष्ट, एडीबी से 9 हजार करोड़ की सहायता के प्रयास
काशीपुर। यूपीसीएल एवं पावर ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन ऑफ उत्तराखंड लिमिटेड (पिटकुल) के प्रबंध निदेशक पीसी ध्यानी ने कुमाऊं क्षेत्र के तीन दिवसीय दौरे के दौरान काशीपुर, हल्द्वानी और खटीमा में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था, राजस्व वसूली, टीएंडडी लॉसेस, विद्युत चोरी की रोकथाम तथा विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को उपभोक्ता सेवाओं में सुधार के साथ निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए।
दौरे की शुरुआत काशीपुर से हुई। यहां प्रबंध निदेशक ने अधिकारियों के साथ राजस्व वसूली, टीएंडडी लॉसेस, विद्युत चोरी की रोकथाम और विभागीय कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने विद्युत चोरी पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा लाइन लॉस को निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कम करने के लिए फील्ड स्तर पर लगातार निगरानी और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। विभागीय कार्यों में अनावश्यक विलंब पर नाराजगी जताते हुए सभी कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
स्मार्ट मीटर को लेकर भ्रांतियों पर स्थिति स्पष्ट
काशीपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान पीसी ध्यानी ने स्मार्ट मीटर को लेकर सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं और भ्रांतियों पर स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर के माध्यम से उपभोक्ता मोबाइल फोन पर अपनी विद्युत खपत और रीडिंग की निगरानी कर सकते हैं। इससे उपभोक्ता अपनी खपत के अनुरूप बिजली के इस्तेमाल को नियंत्रित कर बचत भी कर सकते हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि स्मार्ट मीटर नहीं लगवाने पर उपभोक्ता के खिलाफ मुकदमा दर्ज किए जाने की बात भ्रामक है। उत्तराखंड में अब तक स्मार्ट मीटर नहीं लगवाने को लेकर किसी उपभोक्ता के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है।
काशीपुर के बाद प्रबंध निदेशक शुक्रवार देर रात हल्द्वानी पहुंचे, जहां उन्होंने नैनीताल और रामनगर खंडों की विद्युत व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा बैठक देर रात करीब 1:30 बजे तक चली।
चार मंडलों की मैराथन समीक्षा
शनिवार को हल्द्वानी में रानीखेत, अल्मोड़ा, बागेश्वर और हल्द्वानी मंडलों की मैराथन समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें कुमाऊं क्षेत्र में निर्बाध विद्युत आपूर्ति, लाइन लॉस में कमी, राजस्व संग्रहण, विद्युत चोरी की रोकथाम, उपभोक्ता सेवाओं तथा विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
आगामी दीपावली पर्व को देखते हुए पीसी ध्यानी ने लाइन और विद्युत तंत्र का आवश्यक मेंटेनेंस समय से पूरा करने, खराब पोलों को प्राथमिकता के आधार पर बदलने तथा करंट लीकेज जैसी कमियों को तत्काल दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि त्योहारों के दौरान उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराने के लिए तैयारियां पहले से पूरी कर ली जाएं। मेंटेनेंस कार्यों के दौरान सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
बिलिंग और नए कनेक्शन में तेजी के निर्देश
उपभोक्ता सेवाओं की समीक्षा के दौरान प्रबंध निदेशक ने सही और समय पर बिल उपलब्ध कराने, नए विद्युत कनेक्शन शीघ्र जारी करने तथा आरडीएसएस के तहत स्मार्ट मीटर स्थापना में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने फील्ड स्तर पर उपभोक्ताओं की समस्याओं का त्वरित समाधान करने और सेवा वितरण में जवाबदेही बढ़ाने को कहा।
विद्युत ढांचे के सुदृढ़ीकरण और भविष्य की बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को ध्यान में रखते हुए उन्होंने बताया कि नए विद्युत संयंत्रों और आवश्यक आधारभूत संरचना के विकास के लिए एशियन डेवलपमेंट बैंक (एडीबी) से करीब 9,000 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता प्राप्त करने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं।
समीक्षा का लक्ष्य कागजी प्रगति नहीं, जमीन पर परिणाम
पीसी ध्यानी ने अधिकारियों को स्पष्ट किया कि समीक्षा बैठकों का उद्देश्य केवल प्रगति की जानकारी लेना नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर परिणाम सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों की उपस्थिति, कार्यों के प्रति गंभीरता और समयबद्ध निष्पादन को लेकर भी कड़े निर्देश दिए।
दौरे के अंतिम चरण में खटीमा में आयोजित उत्तराखंड आदि रंगोत्सव महोत्सव-2026 के दौरान मुख्यमंत्री के कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया गया। इस दौरान प्रबंध निदेशक ने आयोजन स्थल पर विद्युत व्यवस्था का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।