बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों के लिए विशेष रूट और पार्किंग व्यवस्था लागू
हरिद्वार। बैसाखी स्नान पर्व और सद्भावना सम्मेलन के मद्देनज़र हरिद्वार में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन ने व्यापक तैयारियां कर ली हैं। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए 13 से 15 अप्रैल तक विशेष ट्रैफिक प्लान लागू रहेगा, जिसमें शहर में वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने के लिए कई अहम बदलाव किए गए हैं। अधिकारियों ने साफ किया है कि व्यवस्था बनाए रखने के लिए नियमों का सख्ती से पालन कराया जाएगा।
यातायात व्यवस्था में बड़े बदलाव
पर्व के दौरान शहर में ट्रैफिक दबाव को देखते हुए 12 अप्रैल की मध्यरात्रि से ही भारी वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगा दी जाएगी। जरूरत पड़ने पर इन वाहनों को शहर की सीमाओं पर ही रोक दिया जाएगा। अलग-अलग मार्गों पर वाहनों को डायवर्ट कर निर्धारित पार्किंग स्थलों तक पहुंचाया जाएगा, ताकि मुख्य स्नान घाटों और शहर के प्रमुख मार्गों पर जाम की स्थिति न बने।
नगलाइमरती से आने वाले वाहनों को बैरागी कैंप पार्किंग में रोका जाएगा, जबकि चीला मार्ग को केवल निकासी के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। गुरुकुल कांगड़ी क्षेत्र से आने वाले वाहनों को सर्विस लेन के जरिए शंकराचार्य चौक की ओर भेजा जाएगा। टोल प्लाजा पर दबाव बढ़ने की स्थिति में नहर पटरी मार्ग से ट्रैफिक को बाहर निकाला जाएगा।
बाहरी राज्यों के वाहनों के लिए विशेष योजना
दिल्ली, मेरठ, मुजफ्फरनगर और पंजाब जैसे राज्यों से आने वाले वाहनों के लिए अलग रूट और पार्किंग व्यवस्था तय की गई है। इन वाहनों को अलकनंदा, दीनदयाल, पंतद्वीप और चमकादड़ टापू पार्किंग में भेजा जाएगा। यदि भीड़ अधिक बढ़ती है, तो वैकल्पिक रूट के जरिए वाहनों को बैरागी कैंप की ओर डायवर्ट किया जाएगा। साथ ही, जरूरत पड़ने पर कुछ वाहनों को सहारनपुर, भगवानपुर और मोहंड होते हुए देहरादून-ऋषिकेश की ओर भेजा जाएगा।
स्थानीय और छोटे वाहनों के लिए निर्देश
छोटे वाहनों को चिड़ियापुर, श्यामपुर और चंडीचौकी के रास्ते शहर में प्रवेश दिया जाएगा, जबकि बड़े वाहनों को डायवर्ट कर गौरीशंकर और नीलधारा पार्किंग में रोका जाएगा। देहरादून और ऋषिकेश से आने वाले वाहनों को नेपाली फार्म और रायवाला के रास्ते हरिद्वार लाया जाएगा।
ऑटो और विक्रम संचालन पर भी नियंत्रण
ऑटो और विक्रम वाहनों के संचालन पर भी विशेष पाबंदियां लगाई गई हैं। देहरादून-ऋषिकेश की ओर से आने वाले ये वाहन जयराम मोड़ तक ही सीमित रहेंगे और यहीं सवारियों को उतारना होगा। ज्वालापुर, रानीपुर और बीएचईएल क्षेत्रों के लिए अलग डायवर्जन प्लान लागू रहेगा। वहीं, ललतारा पुल से शिवमूर्ति तक सभी वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद रहेगी।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित रूट और पार्किंग व्यवस्था का पालन करें, ताकि यात्रा सुगम और सुरक्षित बनी रहे।